निर्माण मज़दूरों का श्रमिक कार्ड: आवेदन से पहले की तैयारी, आम गलतियां और लाभ न मिले तो क्या करें
सीधा जवाब
राजमिस्त्री, बेलदार, कारपेंटर, पेंटर, प्लंबर जैसे निर्माण मज़दूरों का श्रमिक कार्ड (लेबर कार्ड) राज्य का भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड (BOCW बोर्ड) बनाता है। 18 से 60 साल का मज़दूर, जिसने पिछले 12 महीनों में कम से कम 90 दिन निर्माण कार्य किया हो, पंजीकरण करा सकता है। इसी कार्ड से बोर्ड की पढ़ाई, शादी, प्रसूति, पेंशन और मृत्यु सहायता जैसी योजनाएं मिलती हैं; फीस, नवीनीकरण और राशि हर राज्य की अलग है।
- कौन बनाता है
- राज्य का BOCW कल्याण बोर्ड
- उम्र
- 18 से 60 साल
- शर्त
- 12 महीनों में 90 दिन निर्माण कार्य
- फीस और योजनाएं
- राज्य के अनुसार
🏪 निर्माण श्रमिक कार्ड फॉर्म खुद न भर पाएं तो नज़दीकी CSC (जन सेवा केंद्र) पर भरवाएं: CSC सेंटर देखें
आवेदन से पहले यह तैयार रखें
- आधार कार्ड, और आधार से जुड़ा चालू मोबाइल नंबर (OTP के लिए)
- 90 दिन काम का प्रमाण: ठेकेदार/नियोक्ता का प्रमाण पत्र, या राज्य के नियम के अनुसार पंचायत, नगर निकाय या पंजीकृत श्रमिक संगठन का प्रमाण
- अपने नाम का बैंक खाता (पासबुक की कॉपी); सहायता की रकम इसी में आती है
- उम्र का प्रमाण, पासपोर्ट साइज़ फोटो, परिवार और नॉमिनी का विवरण
अपने राज्य का बोर्ड, पोर्टल और फीस जानने के लिए राज्यवार श्रमिक कार्ड सूची से अपना राज्य खोलें।
आम गलतियां जिनसे लाभ रुक जाता है
| गलती | नतीजा | क्या करें |
|---|---|---|
| नवीनीकरण (renewal) समय पर नहीं कराया | पंजीकरण निष्क्रिय, योजनाओं का आवेदन रुक सकता है | राज्य के नियम के अनुसार समय से पहले नवीनीकरण और अंशदान जमा करें |
| बैंक खाता किसी और के नाम का | सहायता की रकम अटकती है | अपने नाम का आधार से जुड़ा खाता दें |
| परिवार/नॉमिनी का नाम नहीं जोड़ा | बच्चों की छात्रवृत्ति या मृत्यु सहायता में दिक्कत | प्रोफाइल में परिवार के सदस्य और नॉमिनी जोड़ें |
| योजना का आवेदन देर से | ज़्यादातर योजनाओं में घटना के बाद समय-सीमा होती है | शादी, प्रसव या मृत्यु के बाद बोर्ड की समय-सीमा में आवेदन करें |
| निर्माण कार्य न करने वाले का पंजीकरण | जांच में रद्द, वसूली भी हो सकती है | सिर्फ असली निर्माण मज़दूर ही आवेदन करें |
आवेदन अटका है या लाभ नहीं मिला तो
- बोर्ड के पोर्टल पर पंजीकरण/आवेदन संख्या से स्थिति (status) देखें और आपत्ति (objection) का कारण पढ़ें।
- कमी वाला कागज़ तय समय में दोबारा अपलोड करें या जमा करें।
- फिर भी हल न हो तो आवेदन की रसीद लेकर ज़िला/तहसील श्रम कार्यालय में लिखित शिकायत दें।
- राज्य के जनशिकायत पोर्टल या CPGRAMS पर भी शिकायत कर सकते हैं।
"पक्का कार्ड" या "₹ हज़ारों की सहायता दिलाने" के नाम पर पैसे मांगने वाले एजेंटों से बचें। सिर्फ राज्य की तय फीस दें और रसीद लें। मदद चाहिए तो नज़दीकी CSC या श्रम कार्यालय जाएं।
श्रमिक कार्ड, ई-श्रम और नया लेबर कोड
- ई-श्रम कार्ड केंद्र का सभी असंगठित मज़दूरों का मुफ्त पंजीकरण है; बोर्ड की योजनाएं उससे नहीं मिलतीं। निर्माण मज़दूर दोनों बनवा सकते हैं: ई-श्रम गाइड।
- दूसरे राज्य में काम: आम तौर पर जिस राज्य में निर्माण कार्य कर रहे हैं, वहीं के बोर्ड में पंजीकरण होता है।
- नया कानून: 21 नवंबर 2025 से सामाजिक सुरक्षा संहिता 2020 लागू है। नए नियम पूरी तरह लागू होने तक पुराने बोर्ड, नियम और योजनाएं चलती रहती हैं; आपका पुराना कार्ड मान्य है।
Official links
ये सरकारी वेबसाइट/नंबर हैं। आवेदन और भुगतान सिर्फ इन्हीं पर करें। आखिरी जांच: 16 अक्टूबर 2026
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अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
निर्माण श्रमिक कार्ड कौन बनवा सकता है?
18 से 60 साल का मज़दूर, जिसने पिछले 12 महीनों में कम से कम 90 दिन भवन या दूसरा निर्माण कार्य किया हो।
श्रमिक कार्ड बनवाने की फीस कितनी है?
हर राज्य के बोर्ड की फीस और अंशदान अलग है। अपने राज्य के पेज या बोर्ड के पोर्टल पर देखें, और रसीद ज़रूर लें।
नवीनीकरण नहीं कराया तो क्या होगा?
पंजीकरण निष्क्रिय हो सकता है और योजनाओं का लाभ रुक सकता है। राज्य के नियम के अनुसार जल्द से जल्द नवीनीकरण कराएं।
क्या ई-श्रम कार्ड से श्रमिक कार्ड की योजनाएं मिलती हैं?
नहीं। बोर्ड की योजनाएं सिर्फ राज्य के श्रमिक कार्ड से मिलती हैं। ई-श्रम अलग, मुफ्त पंजीकरण है।
नए लेबर कोड के बाद पुराना कार्ड चलेगा?
हां। नए नियम पूरी तरह लागू होने तक पुराने बोर्ड और योजनाएं जारी हैं। नवीनीकरण समय पर कराते रहें।
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